नई दिल्ली : बुधवार, अप्रैल 15, 2026/ बिहार के मुख्यमंत्री के रूप में सम्राट चौधरी ने आज बुधवार को शपथ ली। इस दौरान दो उप मुख्यमंत्री विजय चौधरी और विजेंद्र यादव ने भी शपथ ली।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सम्राट चौधरी को बिहार के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने पर बधाई दी। प्रधानमंत्री ने कहा कि सम्राट चौधरी की ऊर्जा, जनसेवा के प्रति समर्पण और जमीनी अनुभव राज्य के लिए अत्यंत लाभप्रद सिद्ध होगा। प्रधानमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि चौधरी के कुशल नेतृत्व में जनता की आकांक्षाएं पूरी होंगी और बिहार सर्वांगीण विकास की नई ऊंचाइयों को छुएगा। प्रधानमंत्री ने विजय कुमार चौधरी और बिजेंद्र प्रसाद यादव को भी बिहार के उपमुख्यमंत्री पद की शपथ लेने पर बधाई दी। प्रधानमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि दोनों नेताओं का जमीनी अनुभव और उनकी जन हित प्रति प्रतिबद्धता बिहार के विकास को नई दिशा और गति प्रदान करेगी और राज्य सुशासन, पारदर्शिता और जन कल्याण के नए मानक स्थापित करेगा।
प्रधानमंत्री ने सोशल मीडिया साइट एक्स पर लिखा बिहार के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेने पर सम्राट चौधरी को बहुत-बहुत बधाई और ढेरों शुभकामनाएं! उनकी ऊर्जा, जनसेवा के प्रति समर्पण और जमीनी अनुभव राज्य के लिए बेहद उपयोगी साबित होने वाला है। मुझे पूर्ण विश्वास है कि उनके कुशल नेतृत्व में जनता-जनार्दन की आकांक्षाओं को पूरा करते हुए बिहार चौतरफा विकास की नई ऊंचाइयों को छुएगा।
बिहार के उप मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेने वाले विजय कुमार चौधरी और बिजेंद्र प्रसाद यादव को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं! मुझे पूरा भरोसा है कि इनका जमीनी अनुभव और जनहित को लेकर प्रतिबद्धता बिहार के विकास को नई दिशा और गति देगी। इसके साथ ही राज्य सुशासन, पारदर्शिता और जनकल्याण के नित-नए मानक स्थापित करेगा।
शपथ लेने के बाद उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी ने कहा, “नई सरकार के लक्ष्य पहले से ही स्पष्ट हैं। हमारे नए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने भी कहा है और हम सभी सहमत हैं कि बिहार विकास, सुशासन और समावेशी विकास के उस पथ पर आगे बढ़ेगा जो नीतीश कुमार ने स्थापित किया है। हम बिहार को उसी पथ पर आगे ले जाने के लिए प्रतिबद्ध हैं जो उन्होंने पहले ही निर्धारित किया है। समृद्ध बिहार के निर्माण का वादा पूरा किया जाएगा। एनडीए सरकार सत्ता में है, जैसा कि पहले भी थी, इसलिए चिंता का कोई कारण नहीं है।
विजय कुमार चौधरी बिहार की राजनीति के उन गिने-चुने नेताओं में से हैं जो अपनी सादगी, बौद्धिक क्षमता और बेहतरीन संसदीय ज्ञान के लिए जाने जाते हैं। विवादों से दूर रहकर काम करने की शैली उन्हें एक अलग पहचान देती है। 8 जनवरी 1957 को समस्तीपुर जिले के दलसिंहसराय में एक भूमिहार ब्राह्मण परिवार में जन्मे विजय चौधरी के पिता स्वर्गीय जगदीश प्रसाद चौधरी, एक स्वतंत्रता सेनानी थे और कांग्रेस के टिकट पर दलसिंहसराय से तीन बार विधायक रहे।
विजय चौधरी ने 1979 में पटना विश्वविद्यालय से इतिहास में मास्टर ऑफ आर्ट्स की डिग्री हासिल की। पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्होंने राजनीति में तुरंत कदम नहीं रखा। वे 1979 में त्रिवेंद्रम में भारतीय स्टेट बैंक में प्रोबेशनरी ऑफिसर के रूप में नियुक्त हुए और कुछ समय तक नौकरी की। पिता के निधन के बाद उन्होंने बैंक की नौकरी छोड़ दी और 1982 के उपचुनाव में कांग्रेस के टिकट पर दलसिंहसराय से जीतकर पहली बार विधायक बने।




