भोपाल : मंगलवार, मार्च 10, 2026/ भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय सह संगठन महामंत्री शिवप्रकाश, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष व विधायक हेमंत खण्डेलवाल एवं क्षेत्रीय संगठन महामंत्री अजय जामवाल ने मंगलवार को इंदौर के गुजराती इनोवेटिव कालेज में पं. दीनदयाल प्रशिक्षण महाअभियान के तहत विषय वक्ता कार्यशाला को संबोधित किया। भाजपा के राष्ट्रीय सह संगठन महामंत्री शिवप्रकाश ने कहा कि सक्षम कार्यकर्ता ही सशक्त संगठन की नींव के समान होता है। इस प्रशिक्षण महाअभियान के माध्यम से देशभर में लगभग 80 लाख भाजपा कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित किया जाएगा, जो पार्टी की ताकत को और मजबूत करेंगे। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रशिक्षण से न केवल कार्यकर्ताओं का व्यक्तित्व उभरता है, बल्कि संगठन को भी शक्ति और दिशा मिलती है। भाजपा के कार्यकर्ताओं को सिर्फ पार्टी के लिए नहीं, बल्कि समाज में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए प्रशिक्षित किया जाता है। भाजपा का कार्यकर्ता न केवल प्रशिक्षित होता है, बल्कि वह राष्ट्रवाद की प्रगति और महत्ता को समझता है। भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खण्डेलवाल ने कहा कि भाजपा की विशिष्ट विचारधारा और मजबूत कार्य पद्धति ही हमें अन्य दलों से अलग बनाती है। भाजपा की निरंतर सफलता में कार्यकर्ताओं के नियमित प्रशिक्षण और अनुशासन का प्रमुख योगदान है, जो पार्टी को एक अजेय राजनीतिक शक्ति बना रहा है। भाजपा के क्षेत्रीय संगठन महामंत्री अजय जामवाल ने कहा कि कार्यशाला का उद्देश्य सिर्फ प्रशिक्षण ही नहीं बल्कि कार्यकर्ताओं में आत्मविश्वास और निष्ठा का संचार करना है, जिससे वे संगठन के विकास में अपना योगदान और अधिक प्रभावी ढंग से दे सकें। भाजपा की सफलता और संगठन क्षमता सिर्फ विचारधारा पर आधारित नहीं है, बल्कि कार्यकर्ताओं की निरंतर शिक्षा, साधना और अभ्यास पर भी निर्भर करती है। गुजरात के संगठन महामंत्री रत्नाकर ने कार्यशाला में पीपीटी के माध्यम से मार्गदर्शन किया। कार्यशाला में पार्टी के प्रदेश प्रभारी डॉ. महेंद्र सिंह, प्रशिक्षण महाअभियान के पश्चिम मध्य क्षेत्र के क्षेत्रीय प्रभारी के.सी पटेल, पार्टी की प्रदेश उपाध्यक्ष डॉ. नंदिता पाठक, संभाग प्रभारी विजय दुबे एवं डॉ. अभय प्रताप सिंह यादव मंचासीन रहे। मंच का संचालन पार्टी के प्रदेश मंत्री राजेन्द्र सिंह राजपूत ने किया एवं आभार पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष रणवीर सिंह रावत ने व्यक्त किया। जिन विषयों पर प्रशिक्षण वर्ग में विषय वक्तागण विचार रखेंगे, उन विषयों को लेकर समानांतरण सत्रों में प्रशिक्षकों ने विषय वक्तागणों को प्रशिक्षण प्रदान किया। कार्यशाला में इंदौर, निमाड़, उज्जैन एवं मंदसौर संभाग के विषय वक्तागण उपस्थित रहे।
भाजपा के राष्ट्रीय सह संगठन महामंत्री शिवप्रकाश ने कहा कि प्रशिक्षण वर्ग का उद्देश्य इसके स्लोगन ‘सक्षम कार्यकर्ता-सशक्त संगठन’ में ही स्पष्ट होता है। यदि संगठन को सशक्त बनाना है तो कार्यकर्ताओं को सक्षम बनाना होगा और कार्यकर्ता तब सक्षम बनता है, जब वह प्रशिक्षित होता है। प्रशिक्षण वर्ग की सफलता दो महत्वपूर्ण बातों पर निर्भर करती है, पहली, प्रशिक्षण वर्ग की तैयारियों को लेकर पूरी सावधानी और गंभीरता होना चाहिए। दूसरी, वक्ताओं का चिंतन और दृष्टिकोण ऐसा होना चाहिए कि वे अपनी बात और पार्टी के विचारों को प्रभावी ढंग से मंडल स्तर के कार्यकर्ताओं तक पहुंचा सकें। उन्होंने कहा कि हमें यह भी समझना होगा कि प्रशिक्षण क्या है और उसका वास्तविक अर्थ क्या है। पार्टी में हम विभिन्न प्रकार की बैठकें, कार्यक्रम, धरना-प्रदर्शन और रैलियों का आयोजन करते हैं, लेकिन प्रशिक्षण वर्ग में मूलभूत अंतर हैं। जब हम इनका अध्ययन करते हैं तो स्पष्ट होता है कि रैली, बैठक, कार्यक्रम और धरना-प्रदर्शन जैसे आयोजन समाज को जोड़ने के उद्देश्य से होते हैं और ये समाज केंद्रित कार्यक्रम होते हैं, जबकि प्रशिक्षण वर्ग कार्यकर्ताओं के बौद्धिक और संगठनात्मक विकास के लिए आयोजित किए जाते हैं। ऐसे प्रशिक्षण वर्ग कार्यकर्ताओं को पार्टी की विचारधारा, संगठनात्मक पद्धति और कार्यशैली को गहराई से समझने का अवसर प्रदान करते हैं, जिससे संगठन और अधिक मजबूत होता है।
भाजपा के राष्ट्रीय सह संगठन महामंत्री शिवप्रकाश ने कहा कि आज मध्यप्रदेश में भाजपा द्वारा प्रशिक्षण महाअभियान के अंतर्गत आयोजित तीसरी और अंतिम वक्ता प्रशिक्षण कार्यशाला का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। इस ऐतिहासिक प्रशिक्षण अभियान की तैयारियों के लिए पिछले तीन से चार महीनों से पार्टी की केंद्रीय टीम ने निरंतर मेहनत की है, ताकि यह कार्यक्रम न केवल प्रभावी बल्कि सुव्यवस्थित रूप से संपन्न हो सके। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन जी ने नई दिल्ली में प्रशिक्षण महाअभियान का शुभारंभ किया था, इसे महाअभियान इसलिए कहा गया है क्योंकि यह प्रशिक्षण कार्यक्रम राष्ट्रीय स्तर से लेकर बूथ स्तर तक आयोजित किए जा रहे हैं, ताकि हर स्तर पर पार्टी के कार्यकर्ताओं को सशक्त किया जा सके और पार्टी संगठन को मज़बूती प्रदान की जा सके। इस व्यापक और महत्वाकांक्षी अभियान के तहत देशभर में लगभग 80 लाख कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित किया जाएगा। इन प्रशिक्षण वर्गों में कार्यकर्ताओं को भाजपा की विचारधारा, कार्यपद्धति, संगठनात्मक नीतियां और जनसंपर्क के महत्वपूर्ण आयामों पर गहन जानकारी दी जा रही है। इसका मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कार्यकर्ता समाज में प्रभावी ढंग से कार्य करें और संगठन को और भी सशक्त बनाने में अपना योगदान दें। यह महाअभियान सिर्फ प्रशिक्षण का एक सामान्य कार्यक्रम नहीं है, बल्कि यह भाजपा के संगठनात्मक विस्तार, विचारधारा की मजबूती और समाज में सकारात्मक बदलाव के प्रति हमारी प्रतिबद्धता का प्रतीक है। यह एक ऐतिहासिक पहल है जो भारतीय जनता पार्टी के भविष्य को दिशा और बल प्रदान करेगी।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि जब कार्यकर्ता प्रशिक्षण वर्ग में भाग लेने के लिए आते हैं, तो वे नए उत्साह और ऊर्जा से भरे होते हैं, और प्रशिक्षण प्राप्त करने के बाद उनका यह उत्साह और भी दोगुना हो जाता है। उन्होंने कहा कि प्रशिक्षण भाजपा की संगठनात्मक शक्ति और आत्मा है और इसी माध्यम से हम न केवल पार्टी को सशक्त बना रहे हैं, बल्कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश को भी मजबूत बनाने का कार्य कर रहे हैं। जब वे मंडल स्तर पर प्रशिक्षण देने जाएं, तो वे केंद्र और राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं, विकास कार्यों और ऐतिहासिक उपलब्धियों को कार्यकर्ताओं के सामने रखें। जब कोई वक्ता किसी विषय पर बोलता है, तो उसके शब्दों से जनमानस तैयार होता है, इसलिए वक्ता को पूरी तैयारी के साथ, सरल, स्पष्ट और प्रभावी तरीके से अपनी बात जनता तक पहुंचानी चाहिए। उन्होंने कहा कि हमारा उद्देश्य समाज के अंतिम व्यक्ति तक विकास और कल्याण की भावना को साकार करना है और यही भाजपा का सबसे बड़ा उद्देश्य है। प्रशिक्षण के दौरान यह सुनिश्चित करें कि सरकार की योजनाओं का लाभ समाज के सबसे निचले स्तर तक पहुंचे, ताकि समाज के हर वर्ग को सही दिशा और सहायता मिल सके।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि भाजपा का कार्यकर्ता न केवल प्रशिक्षित होता है, बल्कि वह राष्ट्रवाद की प्रगति और महत्ता को समझता है, जबकि कांग्रेस के नेता आज तक राम मंदिर के दर्शन करने नहीं गए। पहले वे राम मंदिर निर्माण में अड़ंगे लगाते रहे और अब उन्हें भगवान राम के दर्शन करने में शर्म आती है। यह कांग्रेस का असल चरित्र है। भाजपा और कांग्रेस में यही सबसे बड़ा अंतर है। उन्होंने कहा कि यह वही कांग्रेस है, जिसने आजादी से पहले राम मंदिर से लेकर बाल गंगाधर तिलक के संघर्षों तक हर कदम पर विरोध किया और अपने ही अंदर अंतर्विरोधों से जूझती रही। कांग्रेस की यह स्थिति उनके कार्यकर्ताओं के प्रशिक्षण की कमी का परिणाम है। भाजपा के कार्यकर्ता अपने विचारों में दृढ़ रहते हुए राष्ट्र के लिए काम करते हैं, जबकि कांग्रेस के नेता बिना स्पष्ट विचारधारा के अपनी पार्टी का नेतृत्व करते हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा में हर कार्यकर्ता को राष्ट्र की सेवा में प्रशिक्षित किया जाता है, ताकि वह पार्टी की विचारधारा को सही तरीके से आगे बढ़ा सके। भाजपा का कार्यकर्ता सिर्फ एक पार्टी का सदस्य नहीं होता, बल्कि एक राष्ट्रवादी विचारधारा का सशक्त प्रतिनिधि होता है, जो समाज में बदलाव लाने के लिए हमेशा तत्पर रहता है।
भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खण्डेलवाल ने कहा कि प्रशिक्षण वर्ग भाजपा की कार्यपद्धति का महत्वपूर्ण हिस्सा है। भारतीय जनता पार्टी की निरंतर सफलता, लोकसभा व विधानसभा चुनावों में जीत हासिल कर निरंतर सत्ता में बने रहना, हमारे प्रशिक्षण और कार्य पद्धतियों का परिणाम है। यदि हम सही तरीके से प्रशिक्षित नहीं होते, तो इतनी बड़ी सफलता हासिल नहीं कर पाते। भाजपा ही एकमात्र ऐसा दल है जिसे अपनी विशिष्ट विचारधारा और कार्यपद्धति के लिए जाना जाता है। हमारी विचारधारा और कार्य पद्धति हमें दूसरे दलों से अलग बनाती है और यही हमारी सफलता का कारण है। भारत में प्रत्येक राजनीतिक दल किसी न किसी विचारधारा के आधार पर काम करता है, लेकिन ऐसे बहुत कम दल हैं जो अपनी विचारधारा पर अडिग रहते हुए कार्य करते हैं। उन्होंने कहा कि महात्मा गांधी जी की इच्छा थी कि कांग्रेस पार्टी को विचारधारा से परे किया जाए, क्योंकि वह विचारधारा आधारित दल नहीं था। कम्युनिस्ट पार्टी, जो एक विचारधारा आधारित दल था, धीरे-धीरे भारत के राजनीतिक परिदृश्य से गायब हो गई। इसके विपरीत, भारतीय जनता पार्टी ने 1952 में जो सोच और संकल्प लिया था, आज भी हम उसी पर कायम हैं। सन 1985 में जब भाजपा सिर्फ दो सीटों पर सिमट गई थी, तब भी हमने अपनी विचारधारा से एक कदम भी पीछे नहीं हटाया।
भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खण्डेलवाल ने कहा कि भाजपा कभी भी व्यक्ति आधारित या परिवार आधारित पार्टी नहीं रही। भाजपा भारत की एकमात्र पार्टी हैं, जो कभी भी दो भागों में विभाजित नहीं हुई। हमारी स्थिर विचारधारा और संगठनात्मक मजबूती ही हमें एकजुट और प्रभावी बनाती है और यही भाजपा की सबसे बड़ी ताकत है। भाजपा ने हमेशा अपनी विचारधारा को प्राथमिकता दी है और यही कारण है कि आज हम एक सशक्त और सफल राजनीतिक दल के रूप में उभरें हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत को वर्ष 2047 तक दुनिया का सबसे श्रेष्ठ राष्ट्र बनाने के लिए सभी कार्यकर्ता समर्पित हैं। उन्होंने कहा कि पार्टी ने गठन के समय से ही महत्वपूर्ण मुद्दों, जैसे धारा 370 को समाप्त करना और राम मंदिर निर्माण पर कभी समझौता नहीं किया। पार्टी के विस्तार और समन्वय के लिए समय-समय पर प्रशिक्षण वर्ग आयोजित किए जाते हैं। पार्टी कार्यकर्ताओं को आधुनिक तकनीकों से जुड़कर संगठन को और मजबूत बनाने की दिशा में कार्य करना है। प्रशिक्षण वर्ग के बाद भाजपा कार्यकर्ता अपने संगठन को और प्रभावी तरीके से आगे बढ़ाने में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगें।
भाजपा के क्षेत्रीय संगठन महामंत्री अजय जामवाल ने कहा कि प्रशिक्षण से ही कार्यकर्ता पारंगत बनते हैं और यही संगठन की सफलता की कुंजी है। हमें ऐसे वक्ताओं का चयन करना है जो अपने विषय के विशेषज्ञ हों और कम शब्दों में, सरल, सारगर्भित और प्रभावी तरीके से कार्यकर्ताओं तक विषय को पहुंचाने की क्षमता रखते हों, ताकि संगठन की वैचारिक और कार्यात्मक मजबूती अधिक सुदृढ़ हो सके। हम सभी राजनीतिक क्षेत्र के कार्यकर्ता हैं, और यह निरंतर सीखने और स्वयं को विकसित करने का समय है। मध्यप्रदेश के कार्यकर्ताओं ने संगठन विस्तार के संघर्ष के दौर को देखा है और आज सरकार में रहते हुए जिम्मेदारी के समय का अनुभव भी किया है। समय-समय पर आत्मविश्लेषण करें, क्योंकि सिखाना अपेक्षाकृत आसान है, लेकिन सीखना कठिन होता है। हम उन्हीं मूल्यों को लेकर आगे बढ़ रहे हैं, जो हमारे महापुरूषों ने संगठन और कार्यकर्ता निर्माण के संबंध में दिए थे। हम सभी साधनारत कार्यकर्ता हैं। कार्यकर्ताओं को निरंतर सीखने और अभ्यास के माध्यम से अपनी कार्यक्षमता और प्रस्तुति क्षमता में सुधार लाने की आवश्यकता है। प्रशिक्षण सिर्फ एक अवसर नहीं है, बल्कि यह एक निरंतर प्रक्रिया है, जो कार्यकर्ता को न केवल बेहतर बनाती है, बल्कि संगठन को भी मजबूत करती है। कार्यशाला का उद्देश्य सिर्फ प्रशिक्षण ही नहीं बल्कि कार्यकर्ताओं में आत्मविश्वास और निष्ठा का संचार करना है, जिससे वे संगठन के विकास में अपना योगदान और अधिक प्रभावी ढंग से दे सकें। भाजपा की सफलता और संगठन क्षमता सिर्फ विचारधारा पर आधारित नहीं है, बल्कि कार्यकर्ताओं की निरंतर शिक्षा, साधना और अभ्यास पर भी निर्भर करती है।




