भोपाल : बुधवार, फरवरी 18, 2026/ दुनिया का सबसे बड़ा अंतरराष्ट्रीय थिएटर उत्सव भारत रंग महोत्सव (BRM) 2026 का उज्जैन संस्करण 16 फरवरी से कालिदास अकादमी के खुले रंगमंच में शुरू हुआ। यह आयोजन राष्ट्रीय नाट्य विद्यालय (NSD) द्वारा, महाराजा विक्रमादित्य शोध पीठ के सहयोग से किया जा रहा है। इस उज्जैन अध्याय में पाँच नाटकों का मंचन होगा, जो संस्कृत और प्राकृत सहित कई भारतीय भाषाओं में प्रस्तुत किए जाएंगे। उद्घाटन समारोह में प्रो. भारत गुप्त (एनएसडी सोसायटी के उपाध्यक्ष और पद्मश्री सम्मानित) मुख्य अतिथि रहे। उनके साथ राजेश सिंह कुशवाहा (विक्रम विश्वविद्यालय कार्यकारिणी सदस्य), आयुष गुप्ता (हीलिंग कोच और योग विशेषज्ञ), संजय यादव (उपाध्यक्ष, वीर भारत), और राज बेन्द्रे (उज्जैन संस्करण के फेस्टिवल कोऑर्डिनेटर) भी उपस्थित थे।
20 फरवरी को समापन प्रस्तुति के रूप में अभिज्ञान शकुंतलम् नाटक होगा, जिसे महाकवि कालिदास ने लिखा और अर्पिता धगत ने निर्देशित किया है। यह रंग थिएटर फोरम, सागर (मध्य प्रदेश) द्वारा हिंदी में मंचित किया जाएगा। 25वां भारत रंग महोत्सव 27 जनवरी से 20 फरवरी 2026 तक 25 दिनों तक चलेगा। इस दौरान 277 नाट्य प्रस्तुतियाँ होंगी, जो 228 भारतीय और अंतरराष्ट्रीय भाषाओं में होंगी। इनमें कई दुर्लभ और कम सुनी जाने वाली भाषाएँ भी शामिल हैं। इस उत्सव में 9 देशों के कलाकार और भारत के सभी राज्यों व केंद्र शासित प्रदेशों से नाट्य समूह भाग ले रहे हैं।
यह महोत्सव भारत की रंगमंच विविधता का उत्सव है, जिसमें बच्चों के समूहों, जनजातीय समुदायों और समाज के वंचित वर्गों के कलाकार शामिल हैं। यह एनएसडी की समावेशिता और रंगमंच के सार्वभौमिक प्रसार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। एनएसडी लगातार रंगमंच के प्रचार-प्रसार के लिए कार्य कर रहा है। हाल ही में उसने ‘रंग आकाश’ इंटरनेट रेडियो चैनल और ‘नाट्यम’ नामक ओटीटी प्लेटफ़ॉर्म शुरू किया है, जिससे देशभर के रंगप्रेमी एनएसडी की प्रमुख प्रस्तुतियाँ देख सकें।




